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हाल ही में, आर्थिक सलाहकार कार्यालय द्वारा WPI के आधार वर्ष को 2011-12 से संशोधित करके 2022-23 करने की घोषणा की गई है।
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WPI के साथ-साथ अब उत्पादक मूल्य सूचकांक (PPI) भी जारी किया जाएगा और WPI को क्रमिक रूप से ( 5 वर्षों बाद) बंद कर दिया जाएगा।
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नई शृंखला: आउटपुट PPI (OPPI), इनपुट PPI (IPPI) और सेवा PPI (Service PPI) की नई शृंखला भी जारी की जाएगी ।
- WPI से PPI की ओर यह परिवर्तन उन्नत अर्थव्यवस्थाओं द्वारा अपनाई गई अंतर्राष्ट्रीय सर्वोत्तम प्रथाओं तथा अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष (IMF) की सिफारिशों के अनुरूप है।
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WPI और PPI जारी: आर्थिक सलाहकार कार्यालय (OEA), DPIIT (वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय) द्वारा।
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सेवाओं के लिए नया सूचकांक (Service PPI): पहली बार 7 प्रमुख सेवाओं (बैंकिंग, प्रतिभूति, बीमा, पेंशन, रेलवे, हवाई यात्री और दूरसंचार) के लिए भी त्रैमासिक आधार पर 'सर्विस PPI' जारी किया जाएगा।
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WPI, आउटपुट PPI और सर्विस PPI की गणना 'मूल मूल्य' पर होगी, जबकि इनपुट PPI की गणना 'क्रेता मूल्य' पर होगी।
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प्रमुख विशेषताएँ (WPI 2022-23 नई शृंखला):
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- मदों की संख्या में वृद्धि : नई WPI शृंखला में वस्तुओं की कुल संख्या 697 से बढ़ाकर 957 कर दी गई है।
- विद्युत क्षेत्र में नई और नवीकरणीय ऊर्जा का समावेश: नवीकरणीय ऊर्जा (सौर और पवन) के साथ-साथ परमाणु ऊर्जा को भी 'विद्युत (Electricity)' श्रेणी में शामिल किया गया है।
- ऊर्जा कीमतों पर नज़र रखने के लिए सुसंगत और एकीकृत संरचना: कच्चे तेल (क्रूड ऑयल ) और प्राकृतिक गैस को प्राथमिक वस्तुओं से हटाकर 'ईंधन और ऊर्जा' समूह में रखा गया है ताकि ऊर्जा कीमतों की बेहतर निगरानी हो सके।
- भार निर्धारण की उन्नत पद्धति: वस्तुओं का आर्थिक महत्व तय करने के लिए शुद्ध व्यापार मूल्य (जीवीओ+आयात-निर्यात) के बजाय सकल उत्पादन मूल्य (GVO) का उपयोग किया गया है, जो घरेलू उत्पादन का अधिक सटीक प्रतिनिधित्व करता है।
- मूल्य संबंधी लुप्त आंकड़ों को भरने की बेहतर विधि: पुरानी 'कैरी-फॉरवर्ड' तकनीक की जगह बेहतर 'लक्षित माध्य इम्पुटेशन' विधि का इस्तेमाल किया गया है।