- मुख्य कार्यक्रम ➔ 24 जुलाई 2026 को जयपुर में आयोजित ‘राजस्थान वाटर कॉन्क्लेव’ में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने शिरकत की।
- रामजल सेतु लिंक परियोजना (ERCP) ➔ प्रदेश के 17 जिलों में पेयजल सुरक्षा तथा 4.84 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराएगी।
- यमुना जल समझौता ➔ 295 किलोमीटर लंबी पाइपलाइन से 1,917 क्यूसेक यमुना जल शेखावाटी (सीकर, झुंझुनूं और चूरू) के लगभग 75 लाख लोगों तक पहुँचेगा।
- देवास तृतीय एवं चतुर्थ परियोजना ➔ ₹1,691 करोड़ की लागत से उदयपुर शहर की पेयजल आपूर्ति हेतु संचालित।
- परवन बहुउद्देशीय सिंचाई परियोजना ➔ हाड़ौती क्षेत्र (कोटा, बारां और झालावाड़) की जीवनरेखा; अब तक ₹1,164 करोड़ व्यय किए जा चुके हैं।
- अन्य प्रस्तावित जल डायवर्जन योजनाएँ ➔ नर्मदा के पानी को रानीवाड़ा व भीनमाल तथा ब्राह्मणी नदी के पानी को बीसलपुर बाँध तक लाने की कार्ययोजना।
जनभागीदारी एवं जल अभियान
- कर्मभूमि से मातृभूमि अभियान: प्रवासी राजस्थानियों, भामाशाहों एवं CSR सहयोग से जल संरचनाओं का निर्माण।
- वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान: जल स्रोतों की सफाई, पौधारोपण व जनजागरूकता।
- मुख्यमंत्री सिंचाई टास्क फोर्स: सिंचाई परियोजनाओं की नियमित निगरानी हेतु गठित।
- किसान साथी ऐप: किसानों को सिंचाई जल उपलब्धता की जानकारी देने हेतु।
शहरी व ग्रामीण जल स्वीकृतियाँ
- अमृत 2.0 योजना: 178 शहरी निकायों हेतु ₹5,100 करोड़ स्वीकृत।
- अटल भू-जल योजना: ₹485 करोड़ के जल संवर्धन कार्य।
- उपस्थित प्रमुख व्यक्तित्व ➔ जल संसाधन मंत्री सुरेश सिंह रावत, मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास तथा जल संरक्षण विशेषज्ञ पद्मश्री लक्ष्मण सिंह।
Source: सूचना एवं जनसम्पर्क विभाग, राजस्थान सरकार।
