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क्षेत्रीय कनेक्टिविटी योजना - संशोधित उड़ान योजना

 

 

  • केंद्रीय मंत्रिमंडल ने क्षेत्रीय कनेक्टिविटी योजना - संशोधित उड़ान ( संशोधित REC - UDAN ) के कार्यान्वयन को मंजूरी दी है।

  • कुल परिव्यय: ₹28,840 करोड़ 

  • अवधिः वित्त वर्ष 2026-27 से 2035-36 (10 वर्ष)

  • क्रियान्वयन: नागरिक विमानन मंत्रालय द्वारा

मुख्य घटक

  • हवाई अड्डों का विकास: 8 वर्षों में ₹12,159 करोड़ के कुल परिव्यय के साथ मौजूदा अनसर्व्ड (Unserved) हवाई पट्टियों से 100 हवाई अड्डों का विकास किया जाएगा ।

  • हवाई अड्डों का संचालन एवं रखरखाव: 441 हवाई अड्डों के सुचारू संचालन हेतु ₹2,577 करोड़ की वित्तीय सहायता दी जाएगी, जिसमें प्रति एयरपोर्ट्स के लिए ₹3.06 करोड़ और प्रति हेलीपोर्ट्स /वाटर एयरोड्रॉम के लिए ₹90 लाख की वार्षिक सीमा तय की गई है।

  • आधुनिक हेलीपैडों का विकास: 8 वर्षों में ₹3,661 करोड़ के निवेश से 200 नए और आधुनिक हेलीपैड का निर्माण किया जाएगा।

  • वायबिलिटी गैप फंडिंग (VGF): विमानन कंपनियों को निर्धारित रूटों पर परिचालन के लिए 10 वर्षों में ₹10,043 करोड़ की सहायता प्रदान की जाएगी ।

  • स्वदेशी विमानों का अधिग्रहण: आत्मनिर्भर भारत की दिशा में कदम बढ़ाते हुए हिन्दुस्तान ऐरोनॉटिक्स लिमिटेड से पवन हंस के लिए 2 “ध्रुव हेलीकॉप्टर” और एलायंस एयर के लिए 2 “डॉर्नियर विमान” खरीदे जाएंगे

प्रभाव

  • क्षेत्रीय कनेक्टिविटी को मजबूती और सस्ती हवाई यात्रा का समर्थन।

  • टियर 2 और 3 शहरों में आर्थिक विकास, व्यापार और पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा।

  • दूरस्थ और पहाड़ी क्षेत्रों में आपातकालीन कार्रवाई और स्वास्थ्य सेवा तक पहुँच में सुधार होगा।

  • स्वदेशी एयरोस्पेस क्षेत्र को बढ़ावा मिलेगा। 

  • उड़ान (UDAN - Ude Desh ka Aam Nagrik)योजना

    • शुभारंभ: अक्टूबर 2016

    • मुख्य उद्देश्य: हवाई यात्रा को आम नागरिकों के लिए किफायती बनाना और टियर-2 एवं टियर-3 शहरों केकनेक्टिविटी को मजबूत करना।

    • नौ वर्षों के सफल कार्यान्वयन की प्रगति:

      • परिचालन विस्तार: 28 फरवरी, 2026 तक देश भर के 95 हवाई अड्डों, हेलीपोर्टों और वाटर एयरोड्रॉम पर कुल 663 मार्गों को सक्रिय रूप से चालू किया गया।

      • क्षेत्रीय सुलभता: दूरस्थ, पहाड़ी और द्वीपीय क्षेत्रों में हवाई संपर्क स्थापित होने से पर्यटन के विकास, आपातकालीन सेवाओं और स्वास्थ्य देखभाल तक पहुंच में अभूतपूर्व सुधार हुआ है।