- मुख्य संदर्भ ➔ 20 जुलाई 2026 को राज्यसभा सांसद श्री चुन्नीलाल गरासिया के अतारांकित प्रश्नों के उत्तर में केंद्र सरकार द्वारा जल जीवन मिशन 2.0 तथा कोयला गैसीकरण योजना से संबंधित घोषणाएँ की गई।
- जल जीवन मिशन 2.0 की समय-सीमा ➔ केंद्रीय मंत्रिमंडल द्वारा जल जीवन मिशन 2.0 को दिसंबर 2028 तक बढ़ाने की मंजूरी प्रदान की गई है।
- मिशन का कुल वित्तीय परिव्यय ➔ जल जीवन मिशन 2.0 का कुल बजट बढ़ाकर ₹8.69 लाख करोड़ कर दिया गया है (जिसमें केंद्रीय सहायता ₹3.59 लाख करोड़ होगी)।
- पेयजल आपूर्ति का लक्ष्य ➔ दिसंबर 2028 तक देश के सभी 19.36 करोड़ ग्रामीण परिवारों को नल से जल कनेक्शन देने तथा सभी ग्राम पंचायतों को 'हर घर जल' के रूप में प्रमाणित करने का लक्ष्य।
- 'सुजलाम भारत' डिजिटल प्लेटफॉर्म ➔ पेयजल आपूर्ति प्रणाली के डिजिटल मानचित्रण एवं प्रत्येक गांव को विशिष्ट आईडी (Unique ID) प्रदान करने हेतु 'सुजलाम भारत' नामक राष्ट्रीय डिजिटल प्लेटफॉर्म विकसित किया जा रहा है।
- 'जल अर्पण' कार्यक्रम ➔ पूर्ण हो चुकी ग्रामीण पेयजल योजनाओं को 'जल अर्पण' कार्यक्रम के माध्यम से ग्राम पंचायतों को सौंपा जाएगा।
- वित्तीय भुगतान फ्रेमवर्क ➔ केंद्रीय सहायता का भुगतान पारदर्शी प्रक्रिया हेतु SNA-स्पर्श (SNA-SPARSH) फ्रेमवर्क के जरिए किया जाएगा।
- कोयला एवं लिग्नाइट गैसीकरण योजना ➔ सतही कोयला एवं लिग्नाइट गैसीकरण परियोजनाओं हेतु 13 मई 2026 को ₹37,500 करोड़ की नई प्रोत्साहन योजना को मंजूरी दी गई (इसके तहत पात्र प्लांट/मशीनरी लागत का 20% तक वित्तीय प्रोत्साहन प्रदान किया जाएगा)।
- सिनगैस उत्पादन ➔ कोयला गैसीकरण तकनीक द्वारा कोयले/लिग्नाइट को सिनगैस (Syngas) में परिवर्तित कर रसायन, उर्वरक, सिंथेटिक प्राकृतिक गैस तथा हाइड्रोजन का उत्पादन किया जाएगा।
Source: सूचना एवं जनसम्पर्क विभाग, राजस्थान सरकार