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जारी: सांख्यिकी और कार्यक्रम कार्यान्वयन मंत्रालय (MoSPI) ने (14 जुलाई 2026 को)
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इसके बाद हर महीने की 29 तारीख को जारी किया जाएगा।
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आधार वर्ष: 2024-25
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वर्तमान में इसमें 19 उप-क्षेत्र शामिल हैं, जो भारत के औपचारिक सेवा क्षेत्र का लगभग 60 प्रतिशत हिस्सा कवर करते हैं।
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आईएसपी विकास हेतु, मई 2025 में देबजानी घोष की अध्यक्षता में तकनीकी सलाहकार समिति का गठन किया।
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यह इंडेक्स मुख्य रूप से सेवाओं की 'मात्रा' (Volume) को मापता है
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आईएसपी संकलन के लिए कई मूल्य अपस्फीतिकारकों का इस्तेमाल किया जाता है। मूल्य अपस्फीतिकारक "मूल्य-आधारित" (नाममात्र) आंकड़ों को "मात्रा-आधारित" (वास्तविक) आंकड़ों में परिवर्तित करता है
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इसमें मुख्य सरकारी गतिविधियों से संबंधित या गैर-बाजार गतिविधियों और अनौपचारिक क्षेत्र के माध्यम से संचालित सेवाओं को शामिल नहीं किया गया।
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आईएसपी के डेटा संकलन के लिए तीन मुख्य डेटा स्रोतों - प्रशासनिक डेटा, जीएसटी और एएसआईएसएसई, का इस्तेमाल किया जाता है।
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मुख्य विशेषताएं
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अप्रैल 2025 की तुलना में अप्रैल 2026 में 19 उप-क्षेत्रों में से 14 में दोहरे अंकों की वृद्धि दर्ज,
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सर्वाधिक वृद्धि वाले शीर्ष क्षेत्र: आवास और खाद्य (37.2%), खुदरा व्यापार (30.8%), प्रशासनिक और सहायक सेवाएं (28.7%) और रियल एस्टेट (27.7%)।
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नकारात्मक वृद्धि वाले क्षेत्र: वायु परिवहन (-13.9%) और रेल परिवहन (-0.4%)।
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भारत में सेवा क्षेत्र
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यह भारतीय सकल घरेलू उत्पाद (GDP) में सर्वाधिक योगदान देने वाला क्षेत्र है। वर्ष 2013-14 से ही सकल मूल्य वर्धन (GVA) में इसकी हिस्सेदारी 50% से अधिक रही है। वित्त वर्ष 2024-25 में सेवाओं का GVA हिस्सा लगभग 52.9% दर्ज किया गया।
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रोजगार के दृष्टिकोण से, यह क्षेत्र देश के कुल कार्यबल का लगभग 30% हिस्सा कवर करता है। पिछले छह वर्षों के दौरान इस क्षेत्र ने करीब 4 करोड़ (40 मिलियन) नए रोजगार के अवसरों का सृजन किया है।
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भारत के सेवा निर्यात ने वित्त वर्ष 2026-27 में अपनी मजबूत वृद्धि दर को बरकरार रखा है। अप्रैल-जून 2026-27 की अवधि में सेवा निर्यात का अनुमान 103.41 बिलियन अमेरिकी डॉलर रहा है, जो पिछले वर्ष की इसी अवधि की तुलना में 6.16% की सकारात्मक वृद्धि को दर्शाता है।
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सरकार का विजन भारत को वैश्विक सेवाओं के केंद्र के रूप में स्थापित करना है। इसके तहत वर्ष 2047 तक अंतरराष्ट्रीय सेवा बाजार में भारत की हिस्सेदारी बढ़ाकर 10 प्रतिशत करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।